स्वयंवर का निमंत्रण नहीं था, फिर भी दूल्हा बने, रावण के ससुराल से जनकपुर लक्ष्मण के साथ कैसे पहुंचे राम? जाने

स्वयंवर का निमंत्रण नहीं था, फिर भी दूल्हा बने, रावण के ससुराल से जनकपुर लक्ष्मण के साथ कैसे पहुंचे राम? जाने
मेरठ को रावण के ससुराल के तौर पर जाना जाता है. रावण की पत्नी मंदोदरी के पिता मय का ही मेरठ (मयराष्ट्र) क्षेत्र माना जाता था, लेकिन क्या आप जानते हैं की मेरठ की भूमि से भगवान श्री राम के विवाह का अद्भुत संयोग जुड़ा हुआ है. दरअसल भगवान श्री राम क्रांति धरा मेरठ से ही राजा जनक के यहां पर माता सीता स्वयंवर में प्रतिभाग करने के लिए पहुंचे थे.