आर्थिक तंगी को हराकर, गांव में की पढ़ाई मात्र 22 साल की उम्र में बन गए CA, लिख दी सफलता की कहानी
मध्य प्रदेश के खंडवा जिले से एक प्रेरणादायक कहानी सामने आई है, जहां साधारण ग्रामीण परिवेश में पले-बढ़े सुमित जैन ने अपनी मेहनत और लगन से असाधारण सफलता हासिल की. बोरगांव बुजुर्ग गांव के रहने वाले सुमित ने आर्थिक तंगी और सीमित संसाधनों के बावजूद महज 22 साल की उम्र में चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) बनकर यह साबित कर दिया कि मजबूत इरादों के आगे कोई भी बाधा बड़ी नहीं होती. गांव से साइकिल चलाकर पढ़ाई करने जाने से लेकर बिना आधुनिक सुविधाओं के कठिन तैयारी करने तक, सुमित का सफर संघर्षों से भरा रहा, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी. उनकी यह सफलता न सिर्फ उनके परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय बन गई है और आज वे युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा बनकर उभरे हैं.