मिलिए अंग्रेजी वाले गुरुजी से! वायुसेना में बिताए 38 साल, अब मुसहर समाज के बच्चों का संवार रहे भविष्य

मिलिए अंग्रेजी वाले गुरुजी से! वायुसेना में बिताए 38 साल, अब मुसहर समाज के बच्चों का संवार रहे भविष्य
Gayaji Ramchandra Manjhi inspirational story: गयाजी के पचरुखी गांव के रामचंद्र मांझी की कहानी संघर्ष और सफलता की मिसाल है. एक समय बदन पर कपड़े और पैर में चप्पल तक नहीं थी, लेकिन पढ़ने के जुनून ने उन्हें भारतीय वायुसेना तक पहुंचाया. 1984 में एयरफोर्स ज्वाइन करने वाले वे अपने समाज के इकलौते व्यक्ति थे. अब रिटायरमेंट के बाद वे गांव के बच्चों के लिए निशुल्क पाठशाला चला रहे हैं. उन्हें अंग्रेजी पढ़ाकर मुख्यधारा से जोड़ने की कोशिश में जुटे हैं.