बिना पैरोल 22 साल काटी जेल, अब अनुच्छेद-142 का इस्तेमाल कर सुप्रीम कोर्ट ने दी जमानत, पलटा उड़ीसा हाईकोर्ट का फैसला
लंबी कैद और अच्छे आचरण को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने ऑर्डर दिया. सुप्रीम कोर्ट ने कहा, 'कैदी को तुरंत जमानत पर रिहा किया जाना चाहिए'. बेंच ने संविधान के आर्टिकल-142 के तहत अपना पावर इस्तेमाल किया. इसे एक एक्सेप्शनल केस मानकर जमानत का ऑर्डर पास हुआ. कोर्ट ने दस हजार रुपये के पर्सनल बांड पर रिहाई का निर्देश दिया.