जनेऊ और तिलक तो बस बहाना है, असली मकसद हिजाब को लाना है: कर्नाटक में कांग्रेस सरकार ने शुरू किया मुस्लिम तुष्टिकरण का खतरनाक खेल
Karnataka Hijab Controversy 2026: कर्नाटक की सिद्धारमैया सरकार ने राज्य के शैक्षणिक संस्थानों में हिजाब पर लगे प्रतिबंध को हटाकर एक बार फिर सांप्रदायिक राजनीति का जिन्न बोतल से बाहर निकाल दिया है. साल 2022 में भाजपा सरकार द्वारा लागू किए गए ड्रेस कोड के सख्त नियमों को पलटते हुए अब कांग्रेस सरकार ने हिजाब के साथ-साथ जनेऊ, तिलक, और पगड़ी जैसे धार्मिक प्रतीकों को भी अनुमति दे दी है. हालांकि, जानकारों और विपक्षी दलों का आरोप है कि जनेऊ और तिलक का नाम तो केवल दिखावे के लिए लिया गया है, असली मकसद मुस्लिम वोट बैंक को साधने के लिए हिजाब की वापसी कराना है. इस फैसले ने राज्य में एक बार फिर ध्रुवीकरण और अशांति की आशंका पैदा कर दी है, जिससे स्कूलों का माहौल बिगड़ने का खतरा बढ़ गया है.