ना कॉल, ना मैसेज… बेटी के गौना के लिए ऐसे होता था समधियों के बीच संवाद
Gauna in mithilanchal : मधुबनी में 30 साल पुरानी एक मैथिली चिट्ठी चर्चा का विषय बनी हुई है. इस पत्र में एक पिता ने समधी को बेटी के गौना (विदाई) के लिए विनम्र आग्रह किया है. उस दौर में ना मोबाइल था, ना मैसेज, इसलिए रिश्तों की बातें चिट्ठियों के जरिए होती थीं. पत्र में अपनापन, संस्कार और पारिवारिक सम्मान साफ झलकता है. मिथिलांचल में पहले शादी के कई साल बाद गौना की परंपरा थी, जिसे अब लोग जल्दी पूरा करने लगे हैं.