'ऐसी याचिकाएं कूड़े में फेंकने लायक', सबरीमाला मंदिर में महिलाओं की नो-एंट्री पर CJI ने क्‍यों कहा ऐसा?

'ऐसी याचिकाएं कूड़े में फेंकने लायक', सबरीमाला मंदिर में महिलाओं की नो-एंट्री पर CJI ने क्‍यों कहा ऐसा?
Supreme Court Sabarimala Hearing: सुप्रीम कोर्ट की नौ-न्यायाधीशों की पीठ ने सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश संबंधी 2006 की याचिका पर तीखी टिप्पणी की है. सीजेआई सूर्यकांत ने कहा कि यह याचिका पूरी तरह असत्यापित सामग्री पर आधारित थी जिसे कूड़ेदान में फेंक देना चाहिए था. अदालत ने जनहित याचिकाओं के बढ़ते दुरुपयोग पर चिंता जताते हुए इसे निजी हित और पब्लिसिटी का जरिया बताया और याचिकाकर्ताओं की मंशा पर सवाल उठाए.